कोलकाता, अगस्त 12 -- कलकत्ता हाई कोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसले में, पश्चिम बंगाल की पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार के नियमों के तहत जारी सभी अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) प्रमाणपत्रों को रद्द कर दिया है। ये प्रमाणपत्र ओबीसी -ए और ओबीसी-बी श्रेणियों के तहत जारी किए गए थे। हाई कोर्ट ने बुधवार (12 अगस्त) को अपने फैसले में स्पष्ट किया कि ओबीसी -ए और ओबीसी-बी का वर्गीकरण ही अस्तित्व में नहीं है। जस्टिस राजशेखर मंथा और जस्टिस अनुज सिंह की खंडपीठ ने कहा कि इस वर्गीकरण के तहत जारी प्रमाणपत्रों ने अपनी वैधता खो दी है। ओबीसी श्रेणियों को लेकर यह विवाद वर्ष 2010 के बाद तब सामने आया, जब राज्य सरकार ने ओबीसी समुदायों को दो श्रेणियों ओबीसी -ए और ओबीसी-बी में विभाजित कर दिया था। इसके बाद ओबीसी प्रमाणपत्र जारी करने में भारी अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप लगे। इस म...