मुजफ्फरपुर, सितम्बर 3 -- Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर इस वर्ष अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र के साथ शुभ एवं जयंती योग का दुर्लभ संयोग बन रहा है। आध्यात्मिक गुरु पंडित कमला पति त्रिपाठी प्रमोद ने बताया कि यह संयोग द्वापर युग जैसा माना जा रहा है। इस योग में व्रत और भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव का विशेष फल प्राप्त होता है। उन्होंने व्रतियों से कहा कि शुक्रवार को जलाहार या फलाहार रहकर मध्यरात्रि निशीथ काल में भगवान श्रीकृष्ण का पंचामृत से अभिषेक व नूतन वस्त्र एवं आभूषणों से श्रृंगार करें। यह भी पढ़ें- 4 सितंबर की रात 11:57 से शुरू होगी कान्हा की पूजा, सिर्फ 46 मिनट रहेगा खास मुहूर्त यह भी पढ़ें- श्रीकृष्ण जन्माष्टमी: कान्हा के जन्म पर 7 महासंयोगों से चमकेगा आकाश यह भी पढ़ें- Bokaro News: श्रीकृष्ण-अवतरण बेला में ठाकुरब...