मुंगेर, जुलाई 14 -- Munger News: धरहरा, एक संवाददाता। कुछ लोग अपने लिए नहीं, बल्कि दूसरों के लिए जीते हैं। धरहरा के दास टोला निवासी स्व. सत्तो दास की पत्नी पुतुल देवी (61) का जीवन इसी सेवा, समर्पण और मानवता की मिसाल था। यह भी पढ़ें- Ghazipur News: सीएचसी रेवतीपुर में पांच स्वास्थ्य कर्मियों को दी गई विदाई पुतुल देवी का जीवन रविवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, धरहरा में मरीजों की सेवा करते-करते अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और वहीं उनका निधन हो गया। जीवन का अंतिम क्षण भी उन्होंने उसी अस्पताल में बिताया, जिसे उन्होंने पिछले लगभग 30 वर्षों से अपनी कर्मभूमि बना रखा था। पुतूल देवी ने करीब तीन दशक पहले सेवा भाव से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों की देखभाल शुरू की थी। बाद में उन्होंने ममता दीदी के रूप में भी कार्य किया। सरकारी सेवा से सेवानि...