मिर्जापुर, सितम्बर 22 -- Mirzapur News: मिर्जापुर, संवाददाता। श्रीपार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर, बाजीराव कटरा और चौबे टोला में चल रहे दशलक्षण महापर्व में श्रद्धालु आत्मनिरीक्षण और आत्मशुद्धि का संदेश ले रहे हैं। इस पर्व के दौरान जैन धर्म के दस धर्मों के स्वरूप और उनके जीवन में महत्व पर चर्चा हुई। वहीं जैन मंदिर में अभिषेक और पूजा अर्चन किया गया।

दशलक्षण महापर्व का संदेश पं. अतुल जैन शास्त्री ने बताया कि उत्तम क्षमा, मार्दव, आर्जव, शौच, सत्य, संयम, तप, त्याग, अकिंचन्य और ब्रह्मचर्य मनुष्य को अपने आचरण की समीक्षा करने की प्रेरणा देते हैं। इनका उद्देश्य केवल धार्मिक अनुष्ठान तक सीमित न होकर व्यवहार में बदलाव लाना है।

आत्म सुधार का अवसर जैन समाज के वरिष्ठ सदस्य ऋषभ जैन ने कहा कि दशलक्षण पर्व दूसरों की कमियां तलाशने के बजाय स्वयं के दोषों को प...