मिर्जापुर, अक्टूबर 8 -- Mirzapur News: जमालपुर, हिन्दुस्तान संवाद। क्षेत्र के हरिहरपुर में चल रही सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत महापुराण कथा में बुधवार की शाम को कथा विश्राम दिवस पर कथा व्यास ने श्रीकृष्ण और सुदामा की अलौकिक मित्रता का प्रसंग सुनाया। कृष्ण और सुदामा की कथा सुनते ही पंडाल में बैठक श्रोता भावुक हो गए।कथा व्यास पं.भरत कृष्ण शास्त्री महाराज ने कहा कि सुदामा और श्रीकृष्ण की मित्रता इस संसार की सबसे पवित्र मित्रता थी। तीन मुट्ठी चावल में तीनों लोकों का वैभव छिपा था। लीलाधारी भगवान श्रीकृष्ण के बाल सखा सुदामा, गरीबी से तंग आकर अपनी पत्नी के कहने पर द्वारका अपने बाल सखा श्रीकृष्ण से मिलने गए। यह भी पढ़ें- Kausambi News: मित्रता श्रीकृष्ण और सुदामा से सीखें: अनुज जी फटे- पुराने कपड़ों में देखकर भी द्वारकाधीश ने उन्हें अपने गले ल...