मेरठ, अक्टूबर 9 -- Meerut News: मेरठ। दशहरा पर रावण के पुतले तैयार करने वाले कारीगर इस बार महंगाई से परेशान हैं। लकड़ी, बांस, कागज, कपड़े, रंग और सजावटी सामान के दाम बढ़ने से पुतले बनाने की लागत काफी बढ़ गई है, लेकिन मेहनत के हिसाब से मुनाफा नहीं मिल पा रहा। कारीगरों का कहना है कि पहले जो सामान कम दाम में मिल जाता था, अब उसी बजट में काम पूरा करना मुश्किल है। लकड़ी और बांस महंगे होने के साथ कागज, लेई और सजावट का सामान भी महंगा हो गया है। रावण, मेघनाद और कुंभकरण के बड़े पुतलों को आकर्षक बनाने में अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा है। पुतला तैयार करने में कई दिन लगते हैं। कारीगर और उनके परिवार के सदस्य दिन-रात जुटे रहते हैं। लेकिन लागत बढ़ने से तैयार पुतले की कीमत बढ़ाने पर आयोजकों का बजट गड़बड़ा जाता है। ऐसे में कारीगरों को लागत और मेहनत के बीच सं...