नई दिल्ली, फरवरी 10 -- महाशिवरात्रि का पर्व फाल्गुन मास की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन लोग निर्जला व्रत रखते हैं और भगवान शिव की चार पहर पूजा करते हैं। इस बार शिवरात्रि की तिथि को लेकर कंफ्यूजन हो रहे हैं, तो जान लें कि इस साल रविवार को महाशिवरात्रि की तिथि पड़ रही है। 15 फरवरी को शाम को चतुर्दशी तिथि है, इसलिए शाम को यह तिथि होने के कारण शिवरात्रि व्रत 15 फरवरी को किया जाएगा। .निशित काल पूजा 16 फरवरी को रात 12.28 मिनट से 1.17 मिनट तक की जाती सकती है, लेकिन व्रत 15 फरवरी को रखा जाएगा। महाशिवरात्रि पर भगवान शिव को बिल्व पत्र क्यों अर्पित करते हैं?शिवमहापुराण में लिखा है कि भगवान शिव की पूजा बिना बिल्व पत्र के नहीं होती है। बिल्वपत्र समर्पित होने से ही शिव को पूजा सफल होती है। भगवान को कितने उत्पाद अर्पित कर दें, लेकिन अगर कुछ भी...