लखनऊ, सितम्बर 2 -- Lucknow News: लखनऊ विकास प्राधिकरण के ठीक पीछे स्थित जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआईसी) की हालत देखकर यह विश्वास करना मुश्किल है कि इस परियोजना पर करीब 800 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे। प्रदेश सरकार द्वारा इसे 30 वर्ष की लीज पर देने के फैसले और हाल ही में कैबिनेट से प्रस्ताव मंजूर होने के बाद बुधवार को जब सेंटर का ताला खोला गया तो अंदर की तस्वीरें चौंकाने वाली थीं। कभी अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाओं से लैस यह परिसर अब कबाड़खाने में तब्दील नजर आया।

ऑडिटोरियम की खस्ताहाली 10 हजार क्षमता वाला ऑडिटोरियम उजड़ा, 6 हजार कुर्सियां गायब जेपीएनआईसी का सबसे बड़ा आकर्षण 10 हजार दर्शकों की क्षमता वाला अत्याधुनिक ऑडिटोरियम था। यहां लगभग छह हजार विशेष कुर्सियां लगाई गई थीं, जिनमें माइक्रोफोन और आधुनिक सुविधाएं मौजूद थीं। लेकि...