कानपुर, जुलाई 22 -- Kanpur News: कानपुर। ईश्वर प्रेम मिशन ने गुरु पूर्णिमा सप्ताह के प्रथम दिन ईश्वर प्रेम आश्रम से कथा व्यास संत प्रतिमा प्रेम ने भागवत कथा का महत्व बताया। कहा, इसके श्रवण मात्र से जन्म जन्मान्तर के पाप नष्ट हो जाते हैं। चित्त की शुद्धि और मनुष्य भवसागर से मुक्ति प्राप्त करता है। यह सारे शास्त्रों का सार है। जहां भागवत कथा होती है वहां भगवान कृष्ण स्वयं उपस्थित होते हैं। यह भक्ति,ज्ञान वैराग्य की त्रिवेणी है। संत प्रतिमा प्रेम ने बताया कि राजा परीक्षित ने भगवान शुकदेव जी से प्रश्न किया था कि मृत्यु के निकट आने पर मनुष्य को क्या सुनना, जपना और स्मरण करना चाहिए। शुकदेव जी ने उत्तर दिया था कि उसके लिए सांसारिक मोह को त्याग कर श्रीकृष्ण की भक्ति और कथा श्रवण ही एक मात्र साधन है। यहां जया, श्वेता, नेहा,सुमन, रमा,निर्मला, रीनू,...