नई दिल्ली, अगस्त 6 -- इस बार कामिका एकादशी के दिन भगवान शिव और भगवान विष्णु दोनों की पूजा का विशेष फल आपको मिलने वाला है। इस साल कामिका एकादशी पर ग्रहों का भी दुर्लभ संयोग तो है ही साथ ही शिव वास भी है। शिव वास का अर्थ है शिवजी का निवास स्थान इस दिन है, इसलिए इस जो भी भगवान शिव के लिए पूजा की जाएगी, वो उसका उत्तम फल आपको मिलेगा। शिववास योग को ज्योतिष से देक जाता है कि भगवान शिव का वास इस समय कहां है। कहा जाता है कि सावन में शिव रात्रि पर और किसी ज्योतिर्लिंग में कभी भी रुद्राभिषेक कर सकते हैं। इसके लिए शिव वास देखना नहीं चाहिए। फिर भी इस दिन शिववास होने से भगवान शिव की रुद्राभिषेक, महामृत्युंजय मंत्र जाप कभी भी किए जा सकते हैं।कब है एकादशी और कब किया जाएगा पारण इस साल कामिका एकादशी की तिथि 8 अगस्त 2026 को सुबह 10 बजकर 29 मिनट से लगेगी, ले...