झांसी, अक्टूबर 29 -- Jhansi News: झांसी, संवाददाता। खंड सौभाग्यवती के लिए कभी माता पार्वती ने करवाचौथ व्रत रखा और सदा-सदा के लिए भगवान शिव की हो गई। गुरुवार को कार्तिक कृष्ण पक्ष व्यापनी पर करवाचौथ पर्व मनाया गया। नई नवेली दुल्हनें, सुहागिन महिलाओं ने बेढब मौसम के बाद भी एक चांद के दीदार को सितारा सा श्रृंगार किया और सुबह से निर्जल-निराहार व्रत रखा। शाम होते ही मृगशिरा नक्षत्र में माता पार्वती, भगवान शिव और कार्तिकेय का टोलियों में पूजन किया गया। कथा सुनाई गई। फिर छलनी से चांद को निहार पति के हाथों जल ग्रहण कर उनकी दीर्घायु की कामना की गई। सबसे कठिन माने जाने वाले करवाचौथ व्रत पर महिलाएं बिन अन्न-जल ग्रहण किए दिन भर खिलखिलाती रहीं। शाम 7.30 बजते ही घरों की छतें रोशनी से जगमगा उठीं। वहां मंडप् सजाए गए। चौक पूरे गए तो कहीं गौर लगाई गई। दुल्...