जौनपुर, अक्टूबर 28 -- Jaunpur News: नौपेड़वा, हिन्दुस्तान संवाद। बक्शा गांव में बुधवार को आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के तीसरे दिन आचार्य पंडित अरविंद द्विवेदी ने कहा कि कलयुग के माता-पिता धरती के प्रत्यक्ष देवता है उनकी सेवा करने से बड़ा कोई तीर्थ नही है। श्रीमद्भागवत कथा की महत्ता पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि भागवतकथा सुनने की प्रबल इच्छा के साथ कथा सुनने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि भगवान का अनुग्रह होना संतो एवं विप्रो की सेवा करनी चाहिए। आचार्य ने कहा कि संत एवं विप्र को पीड़ा पहुचाने वाला सदा कष्ट का भागी होता है। उन्होंने कहा कि राजा परीक्षित द्वारा सन्त के गले में डाला गया मृत सर्प का श्राप उनकी मृत्यु का कारण बना। यह भी पढ़ें- Jaunpur News: श्रीमद्भागवत कथा श्रवण से होता है, चेतना का विका...