जमशेदपुर, अगस्त 25 -- Jamshedpur News: सदर अस्पताल में शनिवार की शाम एक नाबालिग और अविवाहित लड़की के प्रसव के बाद छुट्टी देने को लेकर परिजनों ने जमकर हंगामा किया। बाद में एक वकील के हस्तक्षेप के बाद अस्पताल प्रशासन ने इस शर्त पर घर जाने दिया कि सोमवार को लड़की और लड़का पक्ष के लोग आकर अस्पताल में लिखित बयान देंगे। बताया जाता है कि नाबालिग अपनी पहचान छिपाकर भर्ती हुई और मां भी बन गई, तब अस्पताल प्रशासन को भनक लगी। जानकारी के अनुसार, बिरसानगर की एक 15 साल की लड़की 19 अगस्त को सदर अस्पताल में प्रसव के लिए भर्ती हुई। 20 अगस्त को उसने एक बच्चे को जन्म दिया। 22 अगस्त को उसे छुट्टी देने की बात हुई, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने उसे रोकना चाहा और लिखित जानकारी लेनी चाहिए। इस परिजनों ने जमकर हंगामा किया और अधिवक्ता शशि भूषण को बुला लिया। अधिवक्ता के हस...