नई दिल्ली, जुलाई 14 -- 2020 के दिल्ली दंगों के दौरान IB अफसर अंकित शर्मा की हत्या मामले में पूर्व AAP पार्षद ताहिर हुसैन के दोषी ठहराए जाने के बाद सियासत तेज हो गई है। एक ओर भाजपा ने आम आदमी पार्टी और उसके शीर्ष नेतृत्व पर गंभीर आरोप लगाए हैं, तो दूसरी ओर AAP ने कहा है कि ताहिर हुसैन का पार्टी से 2020 से ही कोई संबंध नहीं है। पार्टी का दावा है कि एफआईआर दर्ज होने के कुछ ही घंटों के भीतर उसे प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया गया था।BJP ने लगाए गंभीर आरोप दिल्ली सरकार में मंत्री कपिल मिश्रा ने अदालत के फैसले के बाद कहा कि यह फैसला साबित करता है कि 2020 के दिल्ली दंगे सुनियोजित साजिश का हिस्सा थे। उन्होंने आरोप लगाया कि ताहिर हुसैन को उस समय आम आदमी पार्टी के नेताओं का संरक्षण मिला था। कपिल मिश्रा ने सवाल उठाया कि जब अंकित शर्मा की हत्या ह...