नई दिल्ली, सितम्बर 16 -- सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली में छात्र प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस की कथित ज्यादतियों की जांच के लिए बनाई गई पांच सदस्यीय हाई-पावर्ड कमेटी का पुनर्गठन करने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने कहा कि पैनल के खिलाफ लगाए गए आरोप केवल अटकलें और पहले से बनी धारणाएं हैं। मुख्य न्यायाधीश सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और वी. मोहना की बेंच ने कहा कि कमेटी का गठन निष्पक्षता और पारदर्शिता के उच्चतम मानकों और निष्पक्ष दृष्टिकोण के साथ कोर्ट की सहायता करने के लिए किया गया है। मंगलवार को ऑनलाइन अपलोड किए गए 10 सितंबर के आदेश में बेंच ने कहा कि हाई-पावर्ड इंक्वायरी कमेटी (HPEC) का गठन कोर्ट के सामने किसी एक पक्ष का समर्थन करने के लिए नहीं किया गया है। बेंच ने कहा कि हम कमेटी के गठन में कोई बदलाव करने के इच्छुक नहीं हैं। खासकर तब जब ...