नई दिल्ली, फरवरी 28 -- इस साल 2 मार्च 2026 को देशभर में होलिका दहन किया जाएगा। फाल्गुन पूर्णिमा की रात को मनाया जाने वाला यह पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार होलिका दहन की रात को साधना और संकल्प की दृष्टि से विशेष माना जाता है। कई लोग इस रात को "सिद्धि की रात" भी कहते हैं। परंपराओं में यह विश्वास है कि इस दिन की गई प्रार्थना, दान या अग्नि में अर्पित की गई सामग्री मन की नकारात्मकता को दूर करने और सकारात्मक ऊर्जा बढ़ाने में सहायक हो सकती है। इस वर्ष पंचांग के अनुसार होलिका दहन का शुभ समय 2 मार्च की रात 12:50 बजे से 3 मार्च की सुबह 2:02 बजे तक बताया गया है। इसी दौरान पूजन और आहुति करना श्रेष्ठ माना जा रहा है।होलिका की अग्नि में क्या अर्पित करें?- 1. सुख-समृद्धि के लिए जौ और गेहूं- ग्रामीण परंपरा...