हरिद्वार, अक्टूबर 30 -- Haridwar News: हरिद्वार। मनुष्य में दैवीय गुणों का विकास करना ही शिक्षा का मुख्य उद्देश्य है। सत्यनिष्ठा, सतर्कता और अच्छे संस्कार बेहतर जीवन के आधार हैं। यह बात कुलपति प्रो. प्रतिभा मेहता लूथरा ने शुक्रवार को दयानंद स्टेडियम परिसर स्थित मेजर ध्यानचंद सभागार में आयोजित केंद्रीय सतर्कता जागरूकता कार्यक्रम में कही। भारत सरकार के तत्वावधान में 26 से 31 अक्तूबर तक आयोजित सतर्कता जागरूकता सप्ताह के तहत कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार और मंगलाचरण के साथ हुआ। मुख्य वक्ता संघ प्रचारक चन्द्रकान्त ने कहा कि व्यक्ति में उत्तम गुणों का समावेश ही नेतृत्व का आधार है। भारतीय शिक्षा व्यवस्था अपनी परंपराओं के अनुरूप स्वर्णिम दौर में प्रवेश कर रही है। यह भी पढ़ें- Bhagalpur News: पूर्णिया: छात्राओं को सत्यनिष्ठा और ईमानदारी क...