गिरडीह, अक्टूबर 13 -- खरगडीहा दुर्गा पूजा की परंपरा Gridih News: जमुआ, प्रतिनिधि। जमुआ प्रखंड अंतर्गत खरगडीहा की सार्वजनिक दुर्गा पूजा अपनी ऐतिहासिक भव्यता और अनूठी सात्विक परंपरा के लिए पूरे क्षेत्र में प्रसिद्ध है। वर्ष 1966 में स्थापित इस मंदिर में मां दुर्गा की आराधना पूर्णतः वैष्णवी (सात्विक) पद्धति से की जाती है, जिसके कारण यहां बलि प्रथा पूरी तरह वर्जित है। पास ही स्थित प्रसिद्ध लंगटा बाबा धाम इस क्षेत्र की आध्यात्मिक महत्ता को और बढ़ाता है। ​समय के साथ मेले के स्वरूप में बदलाव आया है। बुजुर्गों के अनुसार, कभी लोग बैलगाड़ियों से मेला देखने पहुंचते थे, जिनकी जगह अब आधुनिक वाहनों ने ले ली है। महाअष्टमी और महानवमी पर बेलकुंडी, चकमंजो, चांदडीह और करहाडीह सहित दर्जनों गांवों से हज़ारों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है। 60 वर्षों की यह...