गिरडीह, नवम्बर 5 -- Gridih News: हदय नारायण पाठक गांडेय, प्रतिनिधि। गांडेय प्रखंड के डोकीडीह पंचायत के मोहनपुर गांव स्थित काली मंडा मे आजादी के पूर्व से ही पूजा का आयोजन किया जा रहा है। इस गांव मे मां काली की अराधना की परंपरा किसी आधुनिक उत्सव की मोहताज नहीं है, बल्कि यह उस दौर की कहानी कहती है जब देश ब्रिटिश शासन की बेड़ियों में जकड़ा हुआ था। स्थानीय बुजुर्गों और इतिहास के पन्नों को खंगालने पर पता चलता है कि इस ऐतिहासिक काली पूजा की शुरुआत आजादी के पूर्व प्रवासी मजदूरों द्वारा की गई थी। यह भी पढ़ें- Banka News: 150 वर्षों से अधिक पुरानी परंपरा: समुखिया काली मंदिर में आज भी तांत्रिक विधि से होती है मां काली की पूजाआजादी से पहले शुरू हुई पूजा वह दौर था जब आजीविका की तलाश में गांव के मजदूर महानगरों या दूर-दराज के क्षेत्रों में काम करने जाया...