गोरखपुर, अक्टूबर 29 -- Gorakhpur News: गोरखपुर, निज संवाददाता। श्री विष्णु मंदिर असुरन में मानस उत्थान समिति की ओर से आयोजित धार्मिक अनुष्ठान के क्रम में गुरुवार को कथा व्यास पं. हनुमतेश मिश्रा महाराज ने भरत चरित्र का अत्यंत भावपूर्ण एवं प्रेरणादायी वर्णन किया। कहा कि भरत जी का चरित्र उस पवित्र तीर्थजल के समान है, जिसमें स्नान करने से मनुष्य पवित्र होता है। उन्होंने कहा कि मनुष्य को अपने भीतर के दोषों और दुर्गुणों का त्याग करना चाहिए। कहा कि अच्छा वक्ता बनने से पहले अच्छा श्रोता बनना आवश्यक है। दूसरी ओर, मुख्य यज्ञाचार्य पं. सुंदर श्याम त्रिपाठी के नेतृत्व में मुख्य यजमान लक्ष्मी निगम, गुंजन जायसवाल, संजय दुबे, निरंकार श्रीवास्तव, डॉ स्निग्धा श्रीवास्तव, डॉ विराट स्वरूप, प्रियंका मोदनवाल, चंचला शुक्ला, रमेश चतुर्वेदी, डॉ विकास सिंह, मीनाक...