गढ़वा, अक्टूबर 3 -- Garhwa News: गढ़वा, प्रतिनिधि। विश्व पशु दिवस पर पशुओं के संरक्षण और उनके प्रति संवेदनशीलता की बातें जरूर हो रही हैं, लेकिन शहर में आवारा पशुओं की समस्या अब भी अनसुलझी है। नगर परिषद क्षेत्र में आवारा कुत्तों और मवेशियों के लिए न तो अब तक शेल्टर होम बन सका है और न ही फीडिंग जोन की व्यवस्था जमीन पर उतर सकी है। नतीजा यह है कि शहर की सड़कों, चौक-चौराहों और गली-मोहल्लों में आवारा कुत्तों और मवेशियों के झुंड दिखाई देते हैं, उनके कारण दुर्घटना का खतरा तो बना ही रहता है, लोगों के कुत्तों के हमले का शिकार होने की घटनाएं भी सामने आती रहती हैं। नगर परिषद के पिछले सर्वे में शहर में 1110 आवारा कुत्तों की पहचान हुई थी। उसके बाद द केयर ऑफ एनिमल सोसाइटी की ओर से कुत्तों की नसबंदी और टीकाकरण का अभियान चलाया गया। संस्था के अनुसार जिला मु...