फतेहपुर, अगस्त 16 -- Fatehpur News: फतेहपुर। सीएमओ के खिलाफ डाक्टरों की लामबंदी मरीजों की परेशानी बढ़नी तय है। दो महिला डाक्टरों के त्यागपत्र के बाद अब जिले के कई सीएचसी और पीएचसी प्रभारियों की ओर से भी इस्तीफे की चेतावनी दिए जाने की चर्चा से हड़कंप मचा हुआ है। ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले गरीब परिवार मामूली बीमारी के इलाज के लिए भी निजी अस्पतालों का खर्च उठाने की स्थिति में नहीं होते। ऐसे में सीएचसी और पीएचसी में डाक्टर नहीं रहे तो मरीजों को जिला अस्पताल या मेडिकल कालेज का रुख करना पड़ेगा। इससे वहां पहले से मौजूद मरीजों का दबाव और बढ़ सकता है। सीएचसी-पीएचसी में रोजाना सामान्य मरीजों के साथ गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों का इलाज होता है। प्रसव जैसी जरूरी सेवाएं भी इन्हीं स्वास्थ्य केंद्रों पर निर्भर हैं। डाक्टरों और प्रभारियों के...