फतेहपुर, अगस्त 5 -- Fatehpur News: फतेहपुर। संवेदहीन स्वास्थ्य विभाग के कारण गर्भवतियों की जान खतरे में है। फर्ज अदायगी और कागजी कोरम में उलझी व्यवस्था के कारण मरीजों के अस्पताल से दौड़ाया जा रहा है। सरकारी अस्पतालों में बेहतर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के दावों पर मंगलवार रात एक घटना ने सवाल खड़े कर दिए। मंगलवार रात प्रसव पीड़ा से तड़प रही एक महिला जिला अस्पताल पहुंची, जहां उसे इलाज नहीं मिला। कुछ देर बाद क्रिटिकल बता कर मेडिकल कालेज रेफर कर दिया गया। मेडिकल कालेज में डाक्टर नहीं होने की बात कह कानपुर के लिए रेफर कर दिया गया। थकहार तीमारदार मरीज को लेकर शहर के निजी नर्सिंग होम में पहुंचे, जहां कुछ ही मिनटों बाद उसकी सामान्य डिलीवरी हुई। खागा क्षेत्र के कुलहड़िया गांव निवासी सिब्ते हसन की बेटी एवं माहेर रजा की पत्नी नेहा अपने मायके मे...