फतेहपुर, अगस्त 1 -- Fatehpur News: फतेहपुर। गांव या समुदाय के पास भरोसेमंद इलाज मिलने के उद्देश्य से खोले गए आरोग्य मंदिर (वेलनेस सेंटर) उद्देश्य से भटक गए है। आलम यह है कि है कि वेलनेश सेंटरों में न मरीजों की जांच हो रहे हैं, न लोगों की सेहत में सुधार हो रहा है। मामूली रूप से बीमार होने पर मरीज या प्रसव पीड़ा पर गर्भवती कस्बों व शहर की दौड़ लगा रही है। गुरुवार को आपका अपना अखबार हिन्दुस्तान की पड़ताल में 85 फीसदी अरोग्य मंदिर तालों में कैद नजर आए। यहां लोग सप्ताह में एक दो दिन ही सीएचओ पहुंचते है। इनमें से कई स्टाफ की कमी से सालों से तालों में कैद है, पेश है एक रिपोर्ट.... यह भी पढ़ें- Ghazipur News: निर्माण के बाद भी बंद पड़ा आयुष्मान आरोग्य केंद्रडाक्टरों के तबादले के बाद गुम हो रही सेवाएं खजुहा ब्लाक के आरोग्यमंदिर पूरेदान में सन्नाटे...