इटावा औरैया, अक्टूबर 3 -- Etawah Auraiya News: जिला अस्पताल के बाल रोग विशेषज्ञ डा. पुष्पेंद्र यादव का कहना है कि सर्दी और गर्मी के इस मौसम में बच्चों की सांस की नालियां छोटी होने के कारण उनमें कफ आसानी से जम जाता है जिससे वह जल्द ही वायरल निमोनिया की चपेट में आ जाते हैं।घर में यदि किसी को सर्दी खांसी या जुकाम है तो बच्चों को दूर रखें क्योंकि यह संक्रमण तेजी से फैलता है साथ ही भीड़भाड़ वाले और प्रदूषित स्थानों पर ले जाने से बचें। छोटे बच्चों को मां का दूध ही देना चाहिए जब .कि बड़े बच्चों को गुनगुना पानी सूप दलिया जैसा हल्का और पौष्टिक भोजन दें और ठंडी चीजों से दूर रखें। निमोनिया होने पर लापरवाही जानलेवा भी साबित हो सकती है क्योंकि बच्चे में सांस लेने में तकलीफ या ऑक्सीजन का स्तर कम होने जैसे कोई भी गंभीर लक्षण देखे तो तुरंत डॉक्टर से संपर...