इटावा औरैया, जुलाई 29 -- Etawah Auraiya News: इटावा। इटावा सफारी पार्क के निदेशक डा. अनिल कुमार पटेल ने बताया कि हमारी आगे आने वाली पीढ़ी बाघ को उसके प्राकृतवास में देख सकें, इसके लिए भी बाघ को बचाना बहुत जरूरी है। संरक्षण के अभाव में धीरे-धीरे उनकी संख्या यदि कम हो जाएगी तो आने वाली पीढ़ियां उनको केवल फोटो और किताबों में ही देख पाएंगे। बाघ दिवस पर सफारी के मनन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में उन्होने बताया कि पूरे देश में 58 टाइगर रिजर्व हैं जिसमें 3600 से अधिक बाघों की संख्या है जो पूरे विश्व की बाघों की संख्या का 70 प्रतिशत से अधिक है। उत्तर प्रदेश में चार टाइगर रिजर्व है। जहां 200 से अधिक बाघ अपने प्राकृतवास में पाये जाते है। प्रकृति के संरक्षण के लिए बाघों का संरक्षण बहुत जरूरी है। इस अवसर पर सफारी पार्क के बायोलॉजिस्ट बीएन सिंह अपने ...