नई दिल्ली, अक्टूबर 18 -- अल नीनो के चलते इस साल देश में जहां सामान्य से 13 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई, तो दक्षिणी राज्यों में सूखे के हालात पैदा हुए हैं। इसके फरवरी तक बने रहने से सर्दियों की बारिश भी घट सकती है। इससे सर्दियों के तापमान में भी बढ़ोतरी हो सकती है। एक रिपोर्ट में यह भी आशंका जताई गई है कि इस बार फरवरी में ही गर्मी दस्तक दे सकती है। क्लाईमेट ट्रेंड्स की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार, अल नीनो और वैश्विक तापवृद्धि का संयुक्त असर आने वाले महीनों में तापमान के नए रिकॉर्ड बनने की आशंका को बढ़ाता है। वर्ष 2026 तथा वर्ष 2027 इस दशक के सबसे गर्म वर्षों में शामिल हो सकते हैं।फसलों पर पड़ेगा असर रिपोर्ट में आशंका जताई गई है कि जलाशयों में कम भंडारण, घटता भूजल और मिट्टी में नमी की कमी रबी तथा उसके बाद की गर्मियों वाली फसलों पर सीधा असर ड...