देवघर, सितम्बर 23 -- Deogarh News: प्रकृति की पूजा का प्रतीक करमा पर्व मंगलवार को प्रखंड क्षेत्र के सभी गांवों में धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान आदिवासी बाहुल गांव समेत अन्य सभी गांवों में उत्सवी माहौल देखने को मिला। खासकर किशोरियों व युवतियों के लिए यह पर्व खास महत्व रखता है। बताते चलें कि करमा पूजा से सात दिन पहले गांव की किशोरियां, युवतियां व महिलाएं सुबह नदी या तालाब पर जाकर स्नान करती हैं और बांस की नई टोकरी (छोटी डलिया) और पूजा का सामान साथ लेकर जाती हैं। वहाँ से बालू उठाकर उसमें गेहूं, मकई, जौ, चना और धान, मूंग समेत सात प्रकार के बीज बोए जाते हैं, जिसे जावा उठाना कहा जाता है। उसके बाद लगातार सात दिनों तक सुबह दोपहर शाम जावा डाली की पूजा अर्चना कर उसके चारों ओर घूमते हुए पारंपरिक नृत्य करते हुए गीत गाती हैं। यह भी पढ़ें- Kodarma New...