नई दिल्ली, सितम्बर 2 -- Delhi News: नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की सीमाओं पर स्थित नगर निगम (एमसीडी) के टोल प्लाजा शहर में आने-जाने वाले वाहन चालकों के लिए रोजाना सिरदर्द बनते जा रहे हैं। दिल्ली की सीमाओं पर 156 टोल नाके हैं, जिन पर टोल वसूली की आधी-अधूरी व्यवस्थाओं के चलते लोगों को हर दिन घंटों जाम में फंसना पड़ रहा है।

टोल वसूली की व्यवस्था इन टोल नाकों पर फल-सब्जी की गाड़ियों, बसों और कैब जैसे कॉमर्शियल वाहनों से टोल के साथ पर्यावरण प्रतिपूर्ति शुल्क लिया जाता है। टोल भुगतान के लिए इन वाहनों पर आरएफआईडी स्टिकर लगा होता है। लेकिन निगम के टोल नाके आधुनिक नहीं होने के कारण चलते वाहनों का स्टिकर कैमरों से स्कैन करने की व्यवस्था नहीं है। ऐसे में टोल भुगतान के लिए हर कॉमर्शियल वाहनों को नाकों पर रुकना पड़ता है। टोल...