देहरादून, अक्टूबर 15 -- Dehradun News: उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण से मान्यता प्राप्त मदरसों में पीएम पोषण (मिड-डे मील) बंद होने एवं मुफ्त पाठ्यपुस्तकें भी अधूरी मिलने का मामला अब केंद्रीय आयोगों तक पहुंच गया है। ऊधमसिंह नगर जिले की केबीएन एजुकेशनल एंड सोशल वेलफेयर सोसाइटी के सचिव निजामुद्दीन ने राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग और राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग, नई दिल्ली में याचिका दाखिल की है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को भी ज्ञापन भेजा गया है। उन्होंने कहा कि पूर्व मदरसा बोर्ड के अधीन संचालित मदरसों के पात्र बच्चों को मिड-डे मील व निशुल्क पुस्तकें मिल रही थीं। सरकार की पहल पर मदरसों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ने के लिए प्रबंधकों ने अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण से मान्यता ली। लेकिन प्राधिकरण के अंतर्गत आते ही बच्चों को ...