Chapra News: कहीं झोपड़ी तो कहीं दुकान के पीछे बन रहीं मिठाइयां शुद्धता की निगरानी नदारद
छपरा, अक्टूबर 27 -- Chapra News: चापाकल के पानी से उत्पादन, कारीगरों के सिर पर टोपी और हाथों में दस्ताने नहीं डोरीगंज से आई मिठाई खाने के बाद पांच लोगों की बिगड़ी थी तबीयत किसी पेज की लीड लगाएं छपरा, हिन्दुस्तान संवाददाता। सारण जिले में करीब 2500 मिठाई की दुकानें हैं, लेकिन इन दुकानों तक पहुंचने वाली मिठाइयां किन परिस्थितियों में तैयार हो रही हैं, इसकी तस्वीर चिंताजनक है। कहीं अस्थायी झोपड़ी में मिठाइयां बनाई जा रही हैं तो कहीं दुकानों के पीछे बने कमरों में उत्पादन हो रहा है। कई छोटे उत्पादन केंद्रों में चापाकल के पानी का इस्तेमाल किए जाने और कारीगरों के सिर पर टोपी व हाथों में दस्ताने नहीं होने जैसी स्थितियां खाद्य सुरक्षा पर सवाल खड़े करती हैं। दीपावली और शादी-विवाह के मौसम में मांग बढ़ने के साथ उत्पादन भी बढ़ जाता है, लेकिन उत्पादन स्थ...
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