बिहारशरीफ, सितम्बर 29 -- Biharsharif News: ममता की कठिन तपस्या है जीवित्पुत्रिका व्रत, तीन दिनों तक चलेगा अनुष्ठान 2 अक्टूबर को नहाय-खाय, 3 को निर्जला व्रत और 4 को पारण पारण के बाद घरों में बनेगा अकुड़ी भात पावापुरी, निज संवाददाता। संतान की लंबी आयु, सुख-समृद्धि और मंगल की कामना का प्रतीक जीवित्पुत्रिका व्रत (जितिया) इस बार तीन अक्टूबर को मनाया जाएगा।

व्रत का महत्व बिहार की लोकपरंपरा में विशेष स्थान रखने वाले इस पर्व की शुरुआत दो अक्टूबर शुक्रवार को नहाय-खाय से होगी। तीन अक्टूबर शनिवार को माताएं पूरे दिन और रात निर्जला उपवास रखेंगी और शाम में जीमूतवाहन भगवान की आराधना करेंगी। वहीं, चार अक्टूबर को 7:30 बजे सुबह पारण के साथ तीन दिवसीय अनुष्ठान संपन्न होगा। पारण के बाद घरों में पारंपरिक अकुड़ी भात बनाने की परंपरा निभाई जाएगी। पंडित रविकांत उप...