भागलपुर, जुलाई 6 -- Bhagalpur News: भागलपुर, मुख्य संवाददाता। समाहरणालय में लिपिकों की गुटबाजी अब फाइलों में दौड़ने लगी है। करीब तीन साल पहले एक गुमनाम पत्र ने कथित 'नवरत्न लिपिकों' को जिला मुख्यालय से बेदखल कराया था। अब 'समाहरणालय के पीड़ित लिपिकगण' नाम से एक पत्र प्रशासनिक महकमे में नींद उड़ा दी है। इस पत्र की कॉपी सामान्य प्रशासन विभाग के प्रधान सचिव के साथ-साथ प्रमंडलीय आयुक्त और जिलाधिकारी को भी दी गई है। पत्र की कॉपी 'हिन्दुस्तान कार्यालय' को भी उपलब्ध कराई गई है। बीते नौ जून को डीएम के नाम से दिए गए पत्र में थोक में लिपिकों के तबादले नहीं होने का जिक्र किया गया था। संयोग ऐसा कि तत्कालीन डीएम का तबादला 30 जून के पहले हो गया। जिससे मामला फिर ठंडा पड़ गया है।

पत्र में मुद्दे इस पत्र में 38 कर्मियों के नाम हैं। जिनके बारे में बताया गय...