भागलपुर, अक्टूबर 31 -- मेडिकल कॉलेज की संबद्धता का इतिहास Bhagalpur News: भागलपुर, वरीय संवाददाता। जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज का विश्वविद्यालय से संबद्धता का इतिहास भी काफी पुराना है। एक समय था जब यहां से एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी करने वाले छात्रों को भागलपुर विश्वविद्यालय की ओर से डिग्री दी जाती थी। 1971 में जब यहां 50 सीटों पर नामांकन शुरू हुआ तो पांच वर्षीय एमबीबीएस कोर्स पूरा करने के बाद भागलपुर विश्वविद्यालय ने डिग्री जारी की। 1990 तक यह सिलसिला चलता रहा। जब 1991 में विश्वविद्यालय का नाम बदलकर तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय किए जाने के बाद मेडिकल छात्रों को बदले नाम से डिग्री जारी की गई। 2010 में जब बिहार सरकार ने टेक्निकल कोर्स से संबंधित आर्यभट्ट नॉलेज यूनिवर्सिटी (एकेयू) की स्थापना की गई। तब सूबे के सभी मेडिकल व इंजीनियरिंग कॉलेजो...