बांदा, जुलाई 18 -- Banda News: बांदा। दूसरों की सुरक्षा के लिए 24 घंटे चौकन्ना रहने वाले सुरक्षा कर्मी खुद के कार्यालय में असुरक्षित हैं। जनपद में संचालित तमाम पुलिस चौकी के भवन बेहद जीर्ण-शीर्ण व जर्जर हैं। बारिश के समय छतों से कमरों के अंदर पानी की बड़ी धार निकलती हैं। अंदर रखे कागज व अभिलेख तक भींगने से बचाने की चुनौती होती है। थाना भवनों का तो मरम्मत कराकर टीपटाप करा लिया जाता है,पर पुलिस चौकी रामभरोसे हैं। आपके अपने अखबार हिन्दुस्तान ने शनिवार को जनपद में कई पुलिस चौकियों की पड़ताल की तो हकीकत सामने आई। कुछ चौकियां पहले से बेहतर हुई हैं। सिविल लाइंस चौकी इसका उदाहरण हैं, वहीं कुछ में पहले से जर्जर हो चुके भवनों में चल रही हैं तो कई टिनशेड में। सिपाही व चौकी इंचार्ज किसी तरह यहां समय काटते हैं। बड़ी समस्या होती है जब फरियादी आते हैं। ...