बलिया, सितम्बर 3 -- Balia News: पूर। पंदह ब्लॉक के सहुलाई गांव स्थित सहूलेश्वर नाथ महादेव मंदिर परिसर में चल रहे सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा के अंतिम दिन काशी धाम से पधारे कथावाचक पं. शीतल प्रकाश महाराज ने श्रीमद्भागवत महापुराण के नवम स्कंध के वर्णन करते हुए सूर्यवंश, चंद्रवंश तथा भगवान श्रीराम के आदर्श चरित्र का प्रसंग विस्तार से बताया। यह भी पढ़ें- कर्त्तव्य और मर्यादा का अनुपम मिसाल है श्रीराम का जीवनराम के आदर्श उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन त्याग, सत्य, मर्यादा, प्रेम और कर्तव्यपरायणता की सर्वोच्च मिसाल है। यदि व्यक्ति अच्छे मित्र, आज्ञाकारी पुत्र, आदर्श भाई और सुखी पारिवारिक जीवन की कामना करता है तो उसे श्रीराम के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाना चाहिए।श्रीराम का संदेश महाराज ने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में धैर्य और...