बलिया, जुलाई 14 -- Balia News: बलिया, संवाददाता। जिले में मानसून सक्रियता के बावजूद पशुपालन विभाग की ओर से अब तक मुंहपका, खुरपका (एफएमडी) गाय, भैंस और अन्य खुर वाले पशुओं में होने वाली संक्रामक वायरल बीमारी से बचाव का टीका नहीं लगाया गया है। इसको लेकर पशुपालक बेहद परेशान हैं। उनका कहना है कि जनपद में पशु डॉक्टरों की बेहद कमी है, लिहाजा उन्हें झोला छाप डॉक्टरों से अपने मवेशियों का उपचार कराना पड़ता है। जहां धन खर्च करने के बाद भी उचित इलाज नहीं हो पाता है। 'हिन्दुस्तान' टीम ने मंगलवार को पंदह ब्लॉक के कुछ मवेशी अस्पतालों का पड़ताल किया। इस दौरान इस ब्लॉक के तीनों पशु अस्पताल बंद मिले। अन्य ब्लॉक स्थित अस्पतालों की स्थिति भी कमोवेश यही है। यह भी पढ़ें- Siwan News पशु चिकित्सकों की भारी कमी से दुधारु पशुओं के इलाज पर संकटपशु चिकित्सा की स्थि...