नई दिल्ली, मई 17 -- हिंदू पंचांग में अधिकमास या मलमास एक विशेष अतिरिक्त महीना है, जो सूर्य और चंद्र कैलेंडर के अंतर को संतुलित करने के लिए जोड़ा जाता है। साल 2026 में यह पावन मास आज 17 मई, रविवार से शुरू होकर 15 जून 2026 तक रहेगा। इस दौरान शादी-विवाह, गृह प्रवेश, मुंडन, जनेऊ और अन्य मांगलिक कार्यों पर पूरी तरह रोक रहेगी। शहनाई नहीं बजेगी और नए सुखद आयोजन टाल दिए जाएंगे।अधिकमास क्यों पड़ता है? सूर्य वर्ष 365 दिन का होता है, जबकि चंद्र वर्ष लगभग 354 दिन का। दोनों के बीच करीब 11 दिनों का अंतर होता है। हर तीन साल में यह अंतर लगभग एक महीने के बराबर हो जाता है। इस अंतर को पूरा करने के लिए अधिकमास जोड़ा जाता है। इससे त्योहार सही मौसम में आते रहते हैं।पुरुषोत्तम मास का महत्व अधिकमास को पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है, क्योंकि इसके स्वामी स्वयं भगवा...