नई दिल्ली, मई 16 -- हिंदू धर्म में अधिक मास को पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है। यह महीना भगवान विष्णु को समर्पित होता है और हर तीन साल में एक बार आता है। इस दौरान किए गए जप, तप, दान और पूजा का फल कई गुना बढ़ जाता है। साल 2026 में अधिक मास 17 मई से शुरू होकर 15 जून तक रहेगा। इस बार ज्येष्ठ मास में अधिक मास पड़ रहा है, जिससे ज्येष्ठ महीना दो बार आएगा। इस पवित्र अवधि में विष्णु भगवान की आराधना से विशेष फल प्राप्त होते हैं।अधिक मास का महत्व अधिक मास को चमत्कारी महीना माना जाता है। शास्त्रों के अनुसार, इस मास में भगवान विष्णु की पूजा, मंत्र जाप और सात्विक कार्य करने से पापों का नाश होता है और पुण्य की प्राप्ति होती है। यह महीना उन लोगों के लिए विशेष रूप से शुभ है, जो लंबे समय से किसी समस्या से जूझ रहे हैं। पुराणों में कहा गया है कि पुरुषोत्तम मा...