नई दिल्ली, सितम्बर 2 -- पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय ने मंगलवार को कहा कि ध्रुवीय अनुसंधान पोत (पीआरवी) की खरीद के लिए वित्त मंत्रालय ने 2689 करोड़ रुपये मंजूर कर दिए हैं। अब इसकी खरीद के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। यह रिसर्च जहाज अंटार्कटिक महाद्वीप में शोध के लिए जाएगा। पहले इसकी कीमत 400 करोड़ रुपये थी लेकिन अब इसकी खरीद में देरी के चलते लागत बढ़कर 2600 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। 'हिन्दुस्तान' अखबार ने विदेश मंत्रालय की संसदीय समिति की रिपोर्ट के हवाले से इस बाबत खबर प्रकाशित की थी। इस पर मंत्रालय ने स्पष्टीकरण जारी कर कहा कि प्रशासनिक देरी की वजह से ऐसा नहीं हुआ बल्कि अनेक अपरिहार्य, अनजाने और वैध बाहरी कारणों के चलते यह स्थिति उत्पन्न हुई।पहले 490 करोड़ मंजूर किए थे मंत्रालय ने बताया कि वर्ष 2010 में आर्थिक मामलों की कैबिनेट समित...