नई दिल्ली, मार्च 7 -- Shani Rashifal Saturn in Pisces: शनि की चाल का प्रभाव सभी 12 राशियों पर देखने को मिलता है। शनि देव को कर्मफलदाता के रूप में जाना जाता है। शनि बेहद ही स्लो स्पीड में अपनी चाल में बदलाव करते हैं। जब भी शनि का गोचर होता है मेष राशि से लेकर मीन राशि पर प्रभाव देखने को मिलता है। बस कुछ ही दिनों में शनि देव अपनी चाल में बदलाव करने जा रहे हैं। शनि इस समय गुरु की मीन राशि में बैठे हुए हैं और उदित अवस्था में गोचर कर रहे हैं। हिंदू पंचांग के अनुसार, 13 मार्च के दिन शुक्रवार को शाम में 07 बजकर 13 मिनट पर शनि अस्त अवस्था में गोचर करना शुरू करेंगे। इस अवस्था में शनि 22 अप्रैल तक विराजमान रहने वाले हैं। ज्योतिष गणना के अनुसार, कर्मफलदाता शनि लगभग 40 दिनों के लिए अस्त अवस्था में रहने वाले हैं। ऐसे में आइए जानते हैं शनि के अस्त होने...