कुशीनगर, जून 27 -- कुशीनगर, मिथिलेश द्विवेदी। बड़ी गंडक नदी के तटवर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा के लिए करीबRs.32.71 करोड़ की लागत से संचालित तीन बाढ़ सुरक्षा परियोजनाओं की प्रगति पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। विभाग ने इन कार्यों को 15 जून तक पूरा करने का दावा किया था, लेकिन समय सीमा समाप्त होने के बाद भी अधिकांश निर्माण कार्य अधूरे पड़े हैं। इससे नदी किनारे बसे गांवों के लोगों में बाढ़ को लेकर चिंता बढ़ गई है।

परियोजनाओं की स्थिति एपी बांध नरवा जोत पर 500 मीटर लंबाई के रिवेटमेंट का निर्माण अब तक पूरा नहीं हो सका है। इसके अलावा स्पर के नोज से ट्रांजिट एप्रन तक रिवेटमेंट के पुनर्स्थापन और आरसीसी परक्यूपाइन की तीन पंक्तियां लगाने का कार्य भी अधूरा है। लोगों का कहना है कि यदि नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ा तो अधूरे सुरक्षा कार्य तेज बहाव का दबाव नही...