रांची, जून 26 -- रांची, वरीय संवाददाता। रथ मेला आरंभ होने से पूर्व ज्येष्ठी पूर्णिमा के दिन 29 जून को जगन्नाथ स्वामी, भगवान बलभद्र व माता सुभद्रा का महास्नान 29 जून को होगा। इस महास्नान के बाद महाप्रभु 15 दिनों के एकांतवास के लिए चले जाएंगे। यह भी पढ़ें- जगन्नाथ प्रभु को स्नान कराने आएं काशीवासी एकांतवास की प्रक्रिया 15 दिन रहेंगे एकांतवास में कहा जाता है कि अत्यधिक स्नान कराने से श्री जगन्नाथ प्रभु बीमार पड़ जाते हैं। इसके बाद वह 15 दिनों के लिए एकांतवास में चले जाते हैं। इस एकांतवास के दौरान वह गरुड़ मंदिर में होंगे। यहां पर उनका औषधीय उपचार किया जाएगा। इसके 15 दिनों बाद वह स्वस्थ होकर नेत्रदान के दिन लौटेंगे। इस दिन उनका नेत्रदान अनुष्ठान होगा। यह भी पढ़ें- मेट्रो निर्माण के लिए खुदाई से बदलेगा रथयात्रा का मार्ग

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