नई दिल्ली, सितम्बर 15 -- हिंदू पंचांग में हर पूर्णिमा तिथि का अपना अलग महत्व बताया गया है। भाद्रपद मास की पूर्णिमा भी धार्मिक तौर पर बेहद खास मानी जाती है। खास बात यह है कि इसी तिथि के साथ पितृ पक्ष की शुरुआत होती है। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा के साथ पितरों का स्मरण और दान-पुण्य करने की परंपरा है। मान्यता है कि भाद्रपद पूर्णिमा पर श्रद्धा से पूजा और शुभ कार्य करने से घर में सुख-समृद्धि बनी रहती है।25 या 26 सितंबर, कब मनाई जाएगी पूर्णिमा? भाद्रपद पूर्णिमा की तिथि 25 सितंबर की रात करीब 11 बजकर 6 मिनट से शुरू होगी और 26 सितंबर की रात करीब 11 बजकर 18 मिनट तक रहेगी। उदया तिथि के आधार पर भाद्रपद पूर्णिमा 26 सितंबर 2026 को मनाई जाएगी। इस दिन चंद्र दर्शन का भी विशेष महत्व रहेगा। पंचांग के अनुसार, 26 सितंबर की शाम करीब 6 बजकर 09 मिनट पर चंद्रोदय...