नई दिल्ली, अगस्त 7 -- नई दिल्ली प्रमुख संवाददाता दिल्ली सरकार द्वारा राजधानी में निजी विश्वविद्यालय खोलने की योजना से यहां के बच्चों को सबसे बड़ा लाभ मिलेगा। इस विधेयक में विद्यार्थियों के हितों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। प्रत्येक पाठ्यक्रम में दिल्ली के छात्रों के लिए लागू आरक्षण नीति के अनुसार 25 प्रतिशत सीटें आरक्षित होंगी। सभी विश्वविद्यालयों में पारदर्शी एवं भेदभावरहित प्रवेश प्रक्रिया अनिवार्य होगी। प्रवेश, परीक्षा, शैक्षणिक गुणवत्ता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने की पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना आवश्यक होगा, ताकि विद्यार्थियों और अभिभावकों का विश्वास मजबूत हो सके。

मुख्यमंत्री का बयान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह विधेयक अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थाओं तथा उनके ऑफ-कैंपस केंद्रों के ल...