रांची, सितम्बर 25 -- रांची, विशेष संवाददाता। झारखंड हाईकोर्ट ने 22 साल पुराने रिश्वत मामले में तत्कालीन सहायक श्रम आयुक्त (केंद्रीय) अनिल सिंह को बड़ी राहत दी है। अदालत ने धनबाद की सीबीआई विशेष अदालत द्वारा वर्ष 2016 में सुनाई गई सजा को रद्द करते हुए उनकी अपील स्वीकार कर ली। जस्टिस प्रदीप श्रीवास्तव की अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष रिश्वत की मांग, उसकी स्वीकृति और आरोपी के कब्जे से रिश्वत की बरामदगी से जुड़े जरूरी तथ्यों को संदेह से परे साबित नहीं कर सका। मामला वर्ष 2002 का है। अनिल सिंह उस समय धनबाद के मुरलीनगर स्थित क्षेत्रीय श्रम आयुक्त (केंद्रीय) कार्यालय में सहायक श्रम आयुक्त के पद पर कार्यरत थे। उन पर आरोप था कि उन्होंने बीसीसीएल के मृत कर्मचारियों तिलक भुइयां और अकली भुइनी की ग्रेच्युटी राशि जारी करने के लिए उनके कथित पुत्र कारा भुइ...