नई दिल्ली, जून 25 -- लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला जल्द ही तृणमूल कांग्रेस (TMC) और शिवसेना (यूबीटी) के बागी सांसदों के दल-बदल मामले में अपना फैसला सुना सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक, जुलाई के तीसरे सप्ताह में शुरू होने वाले संसद के मॉनसून सत्र से पहले स्पीकर इस पर कोई बड़ा निर्णय ले सकते हैं। स्पीकर ने दोनों मूल पार्टियों और उनके बागी गुटों के प्रतिनिधिमंडलों से पहले ही मुलाकात कर ली है।कानूनी और संवैधानिक विशेषज्ञों की ली जा रही राय संसद से जुड़े कानूनी और संवैधानिक विशेषज्ञ इस पूरे मामले की बारीकी से जांच कर रहे हैं। यह सुनिश्चित करने के लिए कि लिया गया निर्णय कानूनी रूप से पूरी तरह सही हो, दल-बदल विरोधी कानून से जुड़े पुराने मामलों और मिसालों की भी समीक्षा की जा रही है।क्या है टीएमसी के बागियों का मामला? 2024 के आम चुनाव में टीएमसी ने लोकसभा...