मुंगेर, मार्च 12 -- मुंगेर, एक संवाददाता। बिहार राज्य भूमि सुधार कर्मचारी संघ (संयुक्त संघर्ष मोर्चा) के आह्वान पर राजस्व कर्मचारी अपनी 17 सूत्री मांगों को लेकर बीते 11 फरवरी से राज्यव्यापी अनिश्चितकालीन सामूहिक अवकाश पर हैं। इसके कारण दाखिल-खारिज, परिमार्जन सहित 68 प्रकार के राजस्व कार्य पूरे राज्य में प्रभावित हो गए हैं। संघ ने आरोप लगाया है कि, पिछले वर्ष 27 दिनों की हड़ताल के बाद 2 जून 2025 को तत्कालीन अपर मुख्य सचिव (राजस्व) के साथ लिखित सहमति बनी थी, जिसे बाद में मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई बैठक में भी मंजूरी मिली थी। इस समझौते के तहत राजस्व कर्मचारियों की योग्यता स्नातक निर्धारित करने और ग्रेड पे 2800 (लेवल-5) सहित अन्य मांगों पर सहमति बनी थी, लेकिन आठ महीने बाद भी सरकार ने इस पर आदेश जारी नहीं किया। संघ के अनुसार, बीते 20 फरवर...