वाराणसी, अप्रैल 1 -- वाराणसी। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय समाली मित्तल की कोर्ट ने धरना प्रदर्शन करने के 16 साल पुराने मामले में सात कांग्रेस कार्यकर्ता साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। प्रकरण के अनुसार वर्ष 2010-11 में तत्कालीन सरकार की नीतियों के विरोध में नगर निगम परिसर में एक लोकतांत्रिक आंदोलन आयोजित किया गया था। इसके बाद पुलिस ने कांग्रेस नेता राघवेंद्र चौबे, अरविन्द किशोर राय, राजेन्द्र मिश्रा, घनश्याम सिंह, पुन्नूलाल बिन्द, गुलाम हैदर, प्रमोद सोनकर पर मुकदमा दर्ज किया था।
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