जयपुर, जून 26 -- भारत में नशे की समस्या अब केवल कानून-व्यवस्था का मुद्दा नहीं रह गई है, बल्कि यह देश के सामने खड़ा एक गंभीर सार्वजनिक स्वास्थ्य और सामाजिक संकट बन चुकी है। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय रिपोर्टों के आंकड़े बताते हैं कि करोड़ों भारतीय किसी न किसी नशे की गिरफ्त में हैं, जबकि लाखों बच्चे भी इसकी चपेट में आ चुके हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो आने वाले वर्षों में यह संकट और भयावह रूप ले सकता है।16 करोड़ लोग शराब पीते हैं, 5.2 करोड़ गंभीर लत के शिकार सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय और एम्स दिल्ली के नेशनल ड्रग डिपेंडेंस ट्रीटमेंट सेंटर (NDDTC) की वर्ष 2019 की राष्ट्रीय रिपोर्ट के अनुसार देश में लगभग 16 करोड़ लोग शराब का सेवन करते हैं। इनमें करीब 5.2 करोड़ लोग ऐसे हैं, जो शराब पर निर्भर ...